"विज्ञान रस" की कुछ पंक्तियाँ
विशेष :
ये पंक्तियाँ स्वान्तः सुखाय और परमानसिक
शोषणाय लिखी गयी हैं यदि आप मानसिक रूप से संवेदनशील हैं तो कृपया मत पढियेगा |
"उसकी मायूसी का मतलब , कोई इश्क-विश्क नही
जल्दीबाजी में बस लैब में रिएक्शन लगाना भूल गयी".........
उनसे हमारी दूरी बस एक प्रकाश वर्ष
हर जन्मदिन पे आकर बस हाजरी लगा दी
एक नौकरी की आस ने हमको बफर बनाया
इन अम्ल क्षार सी बातो का कुछ भी असर नहीं |
मेरी बाते जब भी लम्बी दूभर सी हो जाती हैं
वो कहती है log लगाओ काफी इजी रहता है
उसके आगे जीरो बटा सन्नाटा हो जाता हूँ
प्यार की खातिर वो भी शायद एल - हॉस्पिटल होती है
ना वो समय ही दे पाती है ना देती स्पेस
कुछ कह दो तो कहती बाबू तुम तो मिन्कोवस्की हो |
इतना प्योर बनाकर मौला तूने भी हद कर डाली
उसका दिल पत्थर न हीरा, उसका दिल फुलराईट है | ......सुबोध दुबे क्रमशः
सन्दर्भ :
प्रकाश वर्ष : एक प्रकाश वर्ष वह दूरी है जो प्रकाश निर्वात में एक वर्ष में पूरा कर लेता है।
एक प्रकाश वर्ष =950 खरब (9.5 ट्रिलियन) किलोमीटर
बफर :
किसी दुर्बल अम्ल तथा उसके संयुग्मी क्षारक अथवा किसी दुर्बल क्षारक एवं उसके संयुग्मी अम्ल का जलीय विलयन होता है। बफर बिलयन का मुख्य गुण यह है कि इसमें किसी प्रबल अम्ल या प्रबल क्षारक की थोड़ी मात्रा या मध्यम मात्रा मिलाने पर भी इसका पीएच बहुत कम बदलता है।
एल - हॉस्पिटल: लिमिट की समस्याओ में जब अंश और हर inderminate form ( 0/0 या अनन्त /अनंत ) तो दोनों का अवकलन लेने पर आसानी रहती है इसे ही एल - हॉस्पिटल रूल कहते हैं
मिन्कोवस्की: ये एक जर्मन वैज्ञानिक थे जिन्होने स्पेस और टाइम को कम्बाइन करने वाली समीकरण दी थी |
fullerite: हीरे की कठोरता सबसे ज्यादा 115 G pa होती है |
किन्तु ultrahard fullerite की कठोरता 310 +/-40 G pa पायी गयी है |